संगठित सेवा विभागों में ग्रुप बी पदोन्नति परीक्षाएँ रेलवे बोर्ड के पत्र E(GP)2022/2/4 दिनांक 28.06.2022 और उसके बाद के पूरक पत्रों के अंतर्गत एकल केंद्रीकृत कंप्यूटर आधारित टेस्ट (सीबीटी) के रूप में होती हैं। यह लेख उन दो बातों को समझाता है जो अभ्यर्थी सबसे अधिक पूछते हैं: सीबीटी कौन कराता है, और प्रश्न-पत्र कैसा होता है।
1. सीबीटी कौन आयोजित करता है
2024 के चरणों तक केंद्रीकृत सीबीटी डीजी/नायर, वडोदरा द्वारा आयोजित होता था। रेलवे बोर्ड के दिनांक 03.04.2025 के पत्र द्वारा 2025-26 चक्र से इसके लिए नायर के स्थान पर आरआरबी/अजमेर को नामित किया गया। मेडिकल परीक्षा और वाइवा-वोसी संबंधित क्षेत्रीय रेलवे या उत्पादन इकाई के पास ही रहते हैं, जो परिणाम मिलने के बाद अंतिम पैनल भी जारी करती है।
- आयोजक एजेंसी: पहले डीजी/नायर, वडोदरा; 2025-26 से आरआरबी/अजमेर।
- अभ्यर्थी लॉगिन: नायर पोर्टल पर एचआरएमएस आईडी और जन्म तिथि (YYYYMMDD); आरआरबी/अजमेर पोर्टल पर एचआरएमएस आईडी और एचआरएमएस से जुड़े मोबाइल नंबर पर भेजा गया ओटीपी।
- प्रश्न-पत्र, रिस्पॉन्स शीट और उत्तर कुंजी: अब आरआरबी/अजमेर पोर्टल (rrbajmer.gov.in) पर।
- मेडिकल, वाइवा-वोसी और अंतिम पैनल: अपरिवर्तित, अभी भी क्षेत्रीय रेलवे / उत्पादन इकाई के पास।
2. प्रश्न-पत्र का पैटर्न
30% एलडीसीई (लेखा विभाग को छोड़कर सभी विभाग): एक प्रश्न-पत्र, 150 अंक, 175 प्रश्न जिनमें से 150 हल करने हैं, समय 3 घंटे। उत्तीर्णांक 90 हैं। प्रत्येक सही उत्तर पर 1 अंक मिलता है और प्रत्येक गलत उत्तर पर एक-तिहाई अंक कटता है।
- तकनीकी / व्यावसायिक विषय: 80 अंक, 85 प्रश्न (5 वैकल्पिक सहित)।
- सामान्य ज्ञान, वैकल्पिक राजभाषा प्रश्नों सहित: 40 अंक, 55 प्रश्न (15 अंक के वैकल्पिक राजभाषा प्रश्न)।
- स्थापना एवं वित्तीय नियम: 30 अंक, 35 प्रश्न (5 वैकल्पिक सहित)।
- कुल: 150 अंक, 175 प्रश्न (150 हल करने हैं)।
70% चयन (लेखा विभाग को छोड़कर सभी विभाग): 2 घंटे में 100 अंक, उत्तीर्णांक 60। इसमें व्यावसायिक विषय के 70 अंक (जिनमें 10 अंक वैकल्पिक राजभाषा प्रश्नों के हैं) और स्थापना एवं वित्तीय नियमों के 30 अंक होते हैं।
लेखा (एएफए) का अपना अलग पैटर्न है: 175 प्रश्नों में 175 अंक, कोई भी 150 हल करने हैं, और व्यावसायिक विषय में 15-15 अंक की सात इकाइयाँ होती हैं।
वैकल्पिक राजभाषा प्रश्न अनिवार्य नहीं हैं। पाठ्यक्रम पहले वाला एलडीसीई पाठ्यक्रम ही है, जिसमें एकल सीबीटी के लिए पुराने पेपर-I और पेपर-II के विषय मिला दिए गए हैं।